
क्रिकेट जगत ने श्रद्धांजलि दी
मुम्बई । भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व ऑलराउंडर सैयद आबिद अली का निधन हो गया। वह 83 वर्ष के थे और लंबे समय से बीमार चल रहे थे। आबिद का निधन अमेरिका में हुआ। इस दिग्गज क्रिकेटर ने भारतीय टीम की ओर से 34 इंटरनेशनल मैच खेले थे। वह मूल रुप से हैदराबाद की ओर से खेलते थे। आबिद अली के निधन की खबर उत्तरी अमेरिका क्रिकेट लीग (एनएसीएल) ने साझा की। एनएसीएल ने अपनी पोस्ट में लिखा, ‘‘भारतीय क्रिकेटर आबिद अली के निधन की खबर साझा कर रहे हैं वह आजकल कैलिफोर्निया के ट्रेसी में रह रहे थे उनकी उल्लेखनीय विरासत हमें उत्कृष्टता के लिए प्रयास करने के लिए प्रेरित करती है। गौरतलब है कि उत्तरी अमेरिका क्रिकेट लीग और उत्तरी कैलिफोर्निया क्रिकेट संघ (एनसीसीए) खाड़ी क्षेत्र में क्रिकेट के विकास में उनके अथक प्रयासों और योगदान के लिए उनका आभारी है है। आइए हम उन्हें अपनी प्रार्थनाओं में याद करें और उनकी उल्लेखनीय विरासत का जश्न मनाएं।’’ क्रिकेट जगत ने उनके निधन पर श्रद्धांजलि दी और उन्हें एक समर्पित गुरू, एक टीम खिलाड़ी और एक असाधारण इंसान के रूप में याद किया। पूर्व ऑलराउंडर मदन लाल ने लिखा, ‘‘दुखद समाचार आबिद अली नहीं रहे। वह एक बेहतरीन टीम खिलाड़ी और अच्छे इंसान थे। परिवार के प्रति हार्दिक संवेदना। ओम शांति।’’ पूर्व मुख्य राष्ट्रीय चयनकर्ता और विकेटकीपर एमएसके प्रसाद ने आबिद अली के आंध्र के कोच के दिनों को याद किया। प्रसाद ने अपने शोक संदेश में कहा, ‘‘यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि आबिद सर का निधन हो गया। वह काफी समय से अस्वस्थ थे। आंध्र के कोच के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने हमें जीतने की कला सिखाई।’’ आबिद ने दिसंबर 1967 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एडिलेड में टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया और पहली पारी में अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 55 रन देकर छह विकेट लिए थे। इसी सीरीज में उन्होंने बल्लेबाजी में भी अपनी क्षमता दिखाते हुए सिडनी टेस्ट में 78 और 81 रन की पारियां खेली। आबिद अली ने 1967 और 1974 के बीच भारत के लिए 29 टेस्ट खेले, जिसमें उन्होंने 1018 रन बनाए और 47 विकेट लिए। वह अपने समय के सबसे बेहतरीन क्षेत्ररक्षकों में से एक थे। आबिद ने कई मुकाबलों में भारत के लिए बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों की शुरुआत की। उन्होंने 1968 में न्यूजीलैंड के खिलाफ दो बार, 1969 में घरेलू मैदान पर तीन बार और 1971 में वेस्टइंडीज के दौरे पर दो बार ऐसा किया। उनका वनडे करियर संक्षिप्त, लेकिन ऐतिहासिक रहा। आबिद अजीत वाडेकर की कप्तानी वाली भारतीय टीम का हिस्सा थे, जिसने 1974 में इंग्लैंड के खिलाफ हेडिंग्ले में अपना पहला एकदिवसीय मैच खेला था। वह 1975 में पहले एकदिवसीय विश्व कप में भी भारतीय टीम का हिस्सा थे और उन्होंने तीन मैच खेले।
