
-जांच में गलत निकली जानकारी तो भुगतनी होगी सजा
वाशिंगटन,। अब सोशल मीडिया पर सालों पहले की गई पोस्ट पर आपको सजा मिल सकती है। अब अमेरिका में ग्रीन कार्ड या नागरिकता के लिए आवेदन करने वालों को अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स की जानकारी भी देनी होगी। 5 मार्च 2025 को अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग ने जारी अधिसूचना में कहा है कि प्रवासियों को अब अपने सोशल मीडिया प्रोफाइल्स की जानकारी साझा करनी होगी। यह नया नियम कार्यकारी आदेश पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हस्ताक्षरित किए थे। इस आदेश का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करना और संभावित खतरों को रोकना है। इस बीच, यह साफ किया गया है कि इमिग्रेशन अधिकारी केवल सोशल मीडिया हैंडल्स की जानकारी ही मांगेंगे, पासवर्ड नहीं। रिपोर्ट्स के मुताबिक हर साल अनुमानित 35 लाख से ज्यादा प्रवासियों पर यह नियम लागू हो सकता है। यूएस डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी ने जनता को इस प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया देने के लिए 60 दिन का समय दिया गया है, जिसके बाद यह तय किया जाएगा कि इसे लागू किया जाए या संशोधित। यूएस डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी ने 9 इमिग्रेशन कैटेगरी बनाई हैं, जिनको आवेदन के दौरान सोशल मीडिया जानकारी साझा करने का प्रस्ताव दिया गया है। सोशल मीडिया की निगरानी अमेरिकी इमिग्रेशन प्रॉसेस का हिस्सा नहीं है। यूएस डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी (डीएचएस) और यूएस सिटीजनशिप एण्ड इमिग्रेशन सर्विसेज (यूएससीआईएस) पहले भी आवेदकों की ऑनलाइन गतिविधियों की समीक्षा करते हैं। आवेदकों की गतिविधियों पर निगाह रखने के लिए 2016 में यूएससीआईएस ने सोशल मीडिया डिवीजन बनाया था। 2016 यूएससीआईएस ने सोशल मीडिया डिवीजन के गठन के बाद 2017 में ट्रंप प्रशासन ने एक्सट्रीम वेटिंग नीति लागू की, जिससे वीजा आवेदकों की सोशल मीडिया जांच अनिवार्य हो गई थी। 2019 में अमेरिकी विदेश विभाग ने वीजा आवेदकों के लिए सोशल मीडिया जानकारी देना अनिवार्य कर दिया था। इसके बाद 2021 में सोशल मीडिया जांच का विस्तार हुआ, जिसमें चीन और रूस के प्लेटफॉर्म्स को भी शामिल किया गया। अब 2025 में कार्यकारी आदेश के तहत अब 9 इमिग्रेशन फॉर्म्स में सोशल मीडिया जानकारी को अनिवार्य कर दिया है।
